गोरखपुर कांड पर, कानपुर देहात में निषाद पार्टी ने कैंडिल मार्च निकालकर प्रदेश सरकार की बर्खास्तगी की मांग की

कानपुर देहात, एकलव्य मानव संदेश रिपोर्टर, 14/08/17। कानपुर देहात जिले में सोमवार को निर्बल इंडियन शोषित हमारा आम दल (निषाद पार्टी) ने धरना प्रदर्शन करते हुये बी आर डी मेडिकल कालेज गोरखपुर के वार्ड संख्या 100 (बच्चो का वार्ड ) में शासन व प्रशासन की घोर लापरवाही के कारण 66 बच्चो की मृत्यु की पुष्टि की गयी है, लेकिन पार्टी के विशेष सूत्रों द्वारा इस समय तक आक्सीजन गैस की कमी के कारण लगभग 97 की संख्या पार कर गयी है और तो और मृतक के परिजनों को डेड बॉडी भी नही मिल पा रही है। परिजनों को भगा दिया जा रहा है ना पीएम रिपोर्ट, ना मेडिकल अड्मिट कार्ड, ना मेडिकल कालेज की मृत्यु प्रमाण पत्र दिया जा रहा है। इस कांड में पीड़ित अधिकांश परिवार देहात क्षेत्र के गरीब और बेसहारा लोग है। गरीबो के नाम पर सरकार बनाकर गरीब बच्चो को सरकार मरवा रही है। प्रदेश सरकार का असली चेहरा सामने आ रहा है। प्रदेश सरकार प्रदेश मे हो रहे सभी घटनाओं पर विफल रही है  जब की भाजपा का नारा था, ना गुंडाराज़, ना भ्रष्टाचार, ना अत्याचार, के नारे के साथ सरकार बनी थी लेकिन वह ठीक उसी का उल्टा कर रही है। सबका साथ सबका विकास एक सुंदर नारा लेकर आई थी, लेकिन मेडिकल कालेज की घटना सरकार की असफलता को बयां करती है। यही इनके कैबिनेट मंत्री ने यह भी कह डाला की कोई भी मृत्यु आक्सीजन की कमी से नही हुयी है। जबकि एक हप्ते पहले गैस एजेंसी ने सरकार को आगाह किया था की अगर पूर्व की बकाया राशि नही मिली तो गैस की सप्लाई बँद कर दी जायेगी। यही पूरी बात मा.मुख्यमंत्री जी को पता था क्योंकि मा.मुख्यमंत्री जी ने विगत तीन दिन पहले मेडिकल कालेज का दौरा भी किया था। राज्य सरकार एवं केन्द्र सरकार इस घटना को लेकर चुप्पी साधी हुयी हैं। यही भाजपा सरकार में बच्चो की जगह गाय मरी होती तो अब तक पूरे देश व प्रदेश मे खून की नदिया बह जाती और नेताओ के बड़े बड़े बयान आते। इस शोक की घणी मे निषाद पार्टी ने कैंडल मार्च निकाल कर शोक सम्वेदना व्यक्त किया।
निर्बल इंडियन शोषित हमारा आम दल(निषाद पार्टी) ने इस सरकार की घोर निंदा करते हुये सरकार को तत्काल बर्खास्त करने की माँग करती है। एवं पीडित परिवार को अविलम्ब 25-25लाख की सहायता देने की माँग करती है। प्रकरण की जाँच कराकर दोषी कर्मचारियों को कड़ी से कड़ी सजा मिलनी चाहिये।