छोटे से कस्बे से निकलकर खेलने जा रहा आरिफ रजा

बरेली, फतेहगंज पश्चिमी, एकलव्य मानव संदेश रिपोर्टर राजकुमार कश्यप की रिपोर्ट, 20 सितंबर 2017। क्रिकेट खेलने के लिए बरेली के फतेहगंज पश्चिमी से आरिफ रजा पुत्र साबिर हुसैन मलेशिया में टी-20 मैच खेलने को जा रहे हैं। भारत से 14 सदस्य टीम में ओपनर बल्लेबाज की भूमिका निभाने के लिए एक पालेज की खेती करने वाले का पुत्र मलेशिया जा रहा है। तो कहने को तो आरिफ रजा पहले पापा के साथ पालेज का काम करते थे लेकिन क्रिकेट मैच के शौक में उन्होंने काम और पढ़ाई छोड़कर क्रिकेट ही अपना लिया और सिर्फ12वीं तक पढ़ाई ही कर सके उसके बाद पढ़ाई नहीं की। पहली बार वह ऊना हिमाचल प्रदेश 2009 में परिवार से मिलने के लिए गए थे और उन्होंने वहां पर स्थानीय टीम से खेल कर 87 रन की नाबाद पारी खेली इस पारी ने वहां के कोच और कप्तान का ध्यान इनकी ओर आकर्षित किया इसके बाद ऊना की टीम से खेलने का मौका मिला। इस दौरान हिमाचल  प्रदेश के मुख्यमंत्री ने भी उनको सम्मानित किया। इस तरह एक छोटे से कस्बे का गरीब परिवार का बच्चा एक क्रिकेटर बन विदेश दौरे पर जा रहा है। आरिफ रजा अब शेरे पंजाब की टीम की तरफ से खेलते है जिससे कस्बे के साथ-साथ परिवार में जश्न का माहौल है कि जिस कस्बे में स्मैक तस्करों की पहचान थी वहां  से कोई क्रिकेटर निकला है जो इस कस्बे के साथ-साथ देश का नाम रोशन करेगा। पत्रकार वार्ता के दौरान आरिफ रजा ने प्रदेश के मुख्यमंत्री से ऐसे क्रिकेटर और खिलाड़ियों की ओर ध्यान देने की मांग की है ताकि गरीब घर के खिलाड़ी देश का नाम रोशन कर सके। आरिफ रजा 6 भाई बहनों में सबसे बड़े है। छोटा भाई नाजिम 9 वीं व दूसरा भाई 10 वीं  में छोटी बहिन 7 वी की पढ़ाई कर रहे है और दो भाई आदिल आसिफ परिवार चलाने के लिये पिताजी के साथ पालेज पर का काम करते हैं। कस्बा बासियों ने उनके घर पहुंच कर विदेश जाने की बधाई दी। बधाई देने बालो में अकरम खान, सौरभ पाठक, मोनू गुप्ता, सरदार अन्सारी, राजू कश्यप, अजय सक्सेना, प्रेमपाल गंगवार, संजीव शर्मा, गौरव गंगवार,बमुदित प्रताप सिंह, सुनील मौर्य, हाफ़िज जाकिर हुसैन,आदि थे।