चोरी से आक्रोशित व्यापारियों ने पुलिस चोकी पर धरना प्रदर्शन किया

फतेहगंज पश्चिमी, बरेली, एकलव्य मानव संदेश रिपोर्टर राज कुमार कश्यप की रिपोर्ट, 27 जनवरी 2018। बरेली के फ़तेहगन्ज पश्चिम में 19 जनवरी को पुलिस चौकी के समीप हुई चोरी से आक्रोशित व्यापारियों ने पुलिस चौकी पर धरना प्रदर्शन किया। और कहा कि सोमवार तक यदि खुलासा नहीं हुआ तो 30 जनवरी से  सभी दुकानदारों अनिश्चित कालीन बाजार बंद कर विरोध में सडक पर उतरने के लिए मजबूर होगे। एस पी ग्रामीण ने व्यापारियों को वार्ता को बरेली बुलाकर जल्द खुलासे का आश्वासन दिया। नगर में पुलिस चौकी के समीप मेन रोड पर पार्थ ज्वेलर्स की दुकान मे नकव लगाकर लाखो के माल व नकदी की चोरी ने व्यापारियों को उनके व उनके प्रतिष्ठानो की सुरक्षा के प्रति खोफ़ पैदा कर दिया है। आज आठ दिन गुजर जाने के वाद भी पुलिस चोरों तक नहीं पहुंच पायी। चोरी बाले दिन की घट्ना से ही व्यापारियों ने, कस्वे में हूई चोरियों के खिलाफ लामबन्द होकर पुलिस की कार्यशेली पर सवाल उठाते हुए बाजार बन्द कर विरोध का मन वना लिया था, मगर सीओ सीमा यादव ने व्यापारियों से सम्पर्क कर बाजार बन्दी ट्लवा दी। मगर व्यापारी केवल चोरी के खुलासे और माल वरामदगी कराने पर अडे हुए हैं। आज व्यापार मन्ड्ल अध्यछ आशीष अग्रवाल, सरार्फ़ अध्यछ सुधीर पोरवाल, के नेतृत्व मे व्यापारी सड्क पर उतर आये और पुलिस के खिलाफ नारेवाजी करते हुए खुलासे की मांग करने लगे। सीओ सीमा यादव के पहुचने पर व्यापारी एस एस पी को बुलाने की जिद पर अड़े थे। इस बीच एस पी ग्रामीण ख्याति गर्ग ने व्यापारियों को मनाते हुए बरेली कार्यालय वुलाकर व्यापारियों का ग्यापन लेकर खुलासे का आश्वासन दिया।
ग्यापन में नगर के मुख्य सरार्फ़ बाजार में दिन व रात में पुलिस कर्मियो की तेनाति, चोरी की घटना वाली रात में गश्ती में लगे लापरवाह पुलिस बालों के खिलाफ कार्यवाही करने व कस्बे की पुलिस चोकी पर 24 घन्टे चोकी इन्चार्ज की उपलब्धता व पीडित व्यापारी को उसके जीवन भर की कमाई की पून्जी को वरामदगी करने की मांग की। व्यापारी नेता आशीष अग्रवाल ने कहा कि नगर के सर्राफ़ा व्यापारी सुनील रस्तोगी के साथ 7 जनवरी को सोरहा के रास्ते में घेरकर लूट की कोशिश की घट्ना को थाना पुलिस ने लिखत रिपोर्ट देने के बावजूद पुलिस का व्यापारी से सम्पर्क न करना और न कोई कार्यवाही करना, खुद इनकी कार्यशेली पर सवाल उठाता है।
धरने में बड़ी संख्या में व्यापारी मोजूद थे।