योगी राज में लेखपालों की दबंगई

कप्तानगंज, कुशीनगर, एकलव्य मानव संदेश रिपोर्टर रामनिवास साहनी की रिपोर्ट, 17 फरवरी 2018। गाँव का नाम बसाहिया उर्फ कप्तानगंज (मदरहवा टोला), पोस्ट व तहसील कप्तानगंज, जिला कुशीनगर, में लेखपाल और पुलिस प्रशासन की दबंगई देखने को मिली है। गाँव के बगल में नदी के किनारे ग्राम सभा की बंजर जमीनें हैं, जहा पर दुर्गा जी और हनुमान जी की बहुत पहले से स्थान है और गाँव की वही एकमात्र बंजर जमीन है जहा मवेशियों को लोग चराने के लिए ले जाते हैं। और यहाँ अस्मसान घाट भी है जहां लोगो का दाह संस्कार भी किया जाता है। ये गांव निषाद बाहुल्य गांव है। यहां के लोग नदी पर स्नान करके दुर्गा जी और हनुमान जी के स्थान पर पूजा-पाठ करते हैं।
गाँव के सभी लोगों का आरोप है कि लेखपाल विपिन मणी त्रिपाठी गाँव वालो से कुछ समय पहले दस हजार रुपया लिया और गाँव के लोगों से कहा कि ये जमीन दुर्गा जी और हनुमान जी के स्थान के लिए हमेशा खाली रहेगी। कुछ समय बीतने के बाद अब वही लेखपाल ने किसी और के नाम से ये जमीनें पट्टा कर दी है।
 प्रशासन के द्वारा गाँव वालो को बार- बार जमीने खाली करने को कहा जा रहा है और धमकियां दी जा रहीं है कि सबको उठाकर थाने में बंद किया जायेगा और सबके उपर मुकदमा लिखा जाएगा। गाँव के सभी लोग बहुत दुखी हैं। और सभी लोगों का कहना है कि अगर जमीने खाली नहीं छोड़ी गई तो गाँव के सभी लोग इसी जगह पर भूख हड़ताल पर बैठेंगे। योगी सरकार में दिन-प्रतिदिन हर जगह निषादो के ऊपर अत्याचार होते देखे जा रहे हैं।