सावधान !! विरोधी पार्टीयों के इसारे पर कुछ लोग निषाद पार्टी को तोड़ने के लिए तरह तरह से फोन कर रहे हैं

अलीगढ़, उत्तर-प्रदेश (Aligarh,Uttar Pradesh), एकलव्य मानव संदेश (Eklavya Manav Sandesh) ब्यूरो रिपोर्ट, 20 जून 2018। कुछ लोग व्यक्तिगत दुश्मनी को लेकर निषाद पार्टी को तोड़ने के लिए फ़ोन करके, उन्हें निषाद पार्टी के ख़िलाफ़ भड़काने का काम कर रहे हैं। ऐसे लोगों का यदि आपके पास फ़ोन आता है तो आप सतर्क हो जाइए। कहीं ना कहीं निषाद पार्टी की विरोधी पार्टीयाँ इन दलालों को चला रही हैं। पूरे भारत के राजनीति के टेबल पर जो सम्मान निषादो का अब जुड़ा है। उसको विरोधी पचा नहीं पा रहे हैं। राजनीत की पाठ पाठशाला में पढ़ाया जाता है, वहाँ कुछ फ़ेल होते हैं और कुछ पास होते हैं। पास वाले इतिहास रचते हैं, फ़ेल वाले वहीं सिर्फ़ और सिर्फ़ भौंकते रह जाते हैं।
 ऐसी कई फोनों की जानकारी निषाद पार्टी के राष्ट्रीय सचिव  और एकलव्य मानव संदेश के संपादक जसवन्त सिंह निषाद को मिली है।
     अधिकांश लोग वीर शहीद अखिलेश निषाद के माता पिता को फोन करके निषाद पार्टी के खिलाफ भड़काने के लिए कोशिश करते हैं। लेकिन अखिलेश निषाद के पिताजी श्री आत्मा राम निषाद ने आज तक इनकी बात को नहीं माना है।
        ऐसे ही प्रयास 37 आंदोलन कारियों में से कुछ को मुख्यमंत्री से मुलाकात कराकर उनके मुकद्दमे वापिस लेंने के नाम पर लखनऊ लेजाया गया। लेकिन अभी उनकी मुख्यमंत्री से सीधे बात नहीं हुई है। आंदोलनकारियों को उत्तर प्रदेश के एक मंत्री भाजपा हाई कमान के पर भाजपा के पाले में ले जाने को लगे हुए हैं।
     ऐसा ही एक प्रयास गोरखपुर के बसपा के पूर्व विधायक, जो लोकसभा उपचुनाव के दौरान भाजपा में शामिल हुये थे अब भाजपा की एजेंट एक पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष घोषित किये गए हैं। वो भी निषादों को निषाद पार्टी के मुखिया के खिलाफ भड़काने के खेल में लगे हुए हैं।
ऐसे ही कुछ भाजपा के एजेंट और भी हैं, जो निषाद पार्टी में अपने हित व उद्देश्य के लिए शामिल रहे। अब वे भी इस कार्य मे लगे हैं।
     आप लोगों को सावधान किया जाता है कि अगर कोई फोन कॉल निषाद पार्टी के खिलाफ आपको भड़काने लिए आती है तो समझ लीजिये, ये लोग निषाद वन्स के लाभ के लिए नहीं अपने स्वार्थ सिद्धि के लिए आपको निषाद पार्टी के खिलाफ करना चाहते हैं।